🎉 नूतनवर्षाभिनंदनम् 2026 🎉

🎉 नए वर्ष का मंगल प्रभात फिर आपका स्नेह साथ हो,
हो अपना यह मधुमय वर्ष — बरसे ज्ञान, न रहे संघर्ष।

मिथ्यात्व का हो पूर्ण विनाश, जीवन हो सम्यक्त्व प्रकाश।
‘अनुप्रेक्षा’ सी भावना रहे, ‘सुनय’ से हो एकांत नाश।

‘अनेकान्त’ से अभ्युदय हो, अध्यात्म ‘रुचि’ विकसित हो।
प्राप्त करें जीवन का सार, आपके हों सपने साकार।

💫 नए वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएँ

आप सभी को नए वर्ष पर हार्दिक शुभकामनाओं के साथ 🙏

प्रो. अनेकान्त कुमार जैन
डॉ. रुचि जैन
सुनय जैन, अनुप्रेक्षा जैन
नई दिल्ली